रक्षाबंधन उपरांत पर स्वच्छता दीदीयो ने पूर्व नगरपालिका अध्यक्ष एवं जिला कांग्रेस कमेटी कोषाध्यक्ष अशोक जायसवाल को बांधी राखी

रक्षाबंधन के बाद 80 स्वच्छता दीदियों ने अशोक जायसवाल को राखी बांधकर स्नेह जताया। जायसवाल ने सभी को मिठाई और उपहार देकर सम्मानित किया।


सत्यंदाज न्यूज़ कोरिया/नगर पालिका अध्यक्ष एवं जिला कांग्रेस कमेटी कोषाध्यक्ष अशोक जायसवाल की लोकप्रियता और जन सेवा के प्रति उनकी निष्ठा का उदाहरण एक बार फिर रक्षाबंधन के उपरांत देखने को मिला l इस अवसर पर नगर पालिका में कार्यरत 80 स्वच्छता दीदीयो ने आज अशोक जायसवाल को राखी बांधकर अपना स्नेह और सामान व्यक्त किया l

कार्यक्रम में उपस्थित स्वच्छता दीदीयो ने बताया कि अशोक जायसवाल हमेशा से नगर के सफाई कर्मियों के हित में कार्य करते रहे हैं l चाहे स्वच्छता के साधनों की व्यवस्था हो या समय पर इनकी समस्याओं का समाधान,उन्होंने सदैव इन कर्मियों को परिवार का हिस्सा मानकर उनका सहयोग किया है l यही कारण है कि रक्षाबंधन की उपरांत जैसे पवित्र अवसर पर स्वच्छता दीदीयो ने उन्हें भाई मान कर राखी बांधने का निर्णय लिया l

स्वच्छता दीदीयो ने पूर्व नगरपालिका अध्यक्ष को बांधी राखी

राखी बांधने के बाद पूर्व नगर पालिका अध्यक्ष एवं जिला कांग्रेस कमेटी कोषाध्यक्ष अशोक जायसवाल ने सभी स्वच्छता दीदीयो को मिठाई खिलाकर और उपहार देकर उन्हें शुभकामनाएं दी l उन्होंने कहा कि स्वच्छता दिदिया हमारे नगर की रीड़ हैं,जो दिन रात मेहनत कर नगर को स्वस्थ और सुंदर बनाए रखती है l उनके प्रति सम्मान प्रकट करना और उन्हें परिवार की तरह मानना हम सभी का कर्तव्य है l पूर्व नगर पालिका अध्यक्ष एवं जिला कांग्रेस कमेटी कोषाध्यक्ष अशोक जायसवाल ने इस अवसर पर यह भी कहा कि रक्षा बंधन के उपरांत रक्षाबंधन केवल भाई बहन के रिश्ते का त्यौहार नहीं बल्कि एक दूसरे के प्रति विश्वास,सुरक्षा और स्नेह का प्रतीक है lस्वच्छता दीदीयो की स्नेह को वह जीवन भर याद रखेंगे और आगे भी उनके हित में हर संभव प्रयास करते रहेंगे l

जिन्होंने इस अनोखे भाई-बहन के रिश्तों को देखा और सराहा लोगों ने कहा कि अशोक जायसवाल का यह स्नेह और अपनापन ही उनकी लोकप्रियता का कारण है l

Picture of दिनेश कांशी

दिनेश कांशी

"दिनेश कांशी पिछले 6 वर्षों से पत्रकारिता में सक्रिय हैं। डिजिटल मीडिया की गहरी समझ और खबरों को निष्पक्षता से पेश करने के उनके अनुभव ने 'भारत की आवाज़' को एक नई पहचान दी है। वे पत्रकारिता की सटीकता और सत्यता को सर्वोपरि मानते हैं।"
error: Content is protected !!